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प्रवेश वाही ने रिठाला विधान सभा की अनधिकृत कालोनियों में चलाया जन संपर्क अभियान
November 14, 2019 • Delhi Search • delhi

नई दिल्ली,  प्रवेश वाही पूर्व अध्य्क्ष स्थायी समिति अनधिकृत कालोनियों में जनसंपर्क अभियान के अंतर्गत रिठाला विधान सभा की अनधिकृत कालोनी बुध विहार में  जाकर लोगों से जनसंपर्क किया एवं प्रधानमंत्री उदय योजना के बारे में उपस्थित लोगों को जानकारी दी। इस अवसर पर रोहिणी जोन के पूर्व अध्य्क्ष अनिल शर्मा अन्य  पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।

प्रवेश वाही ने कहा कि अभी तक जो सुविधायें अधिकृत कालोनियों में रहने वाले लोगों को मिलती है, अब वह अनधिकृत कालोनियों में रहने वाले नागरिकों को भी उपलब्ध होंगी। उन्होंने कहा कि आज हमें यह पता होना चाहिये कि दिल्ली के मुख्यमंत्री जनता से झूठ बोल रहे हैं कि अनधिकृत कालोनियों उनकी सिफारिश पर पास की गई हैं, यह पूरी तरह से झूठ है। यह सिर्फ दिल्ली की जनता को गुमराह करने का उनका षडयंत्र है। अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली की जनता को सिर्फ धोखा दिया है। 

2015 में जब केजरीवाल दिल्ली के मुख्यमंत्री बने थे, तब केन्द्रीय शहरी विकास मंत्रालय द्वारा उनसे अनधिकृत कालोनियों के नियमितिकरण व बाउन्ड्री डिमार्केशन के लिये कहा गया था किन्तु केजरीवाल इसे बार-बार टालते रहे। हमारे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सोच कि पूरे भारतवर्ष से दिल्ली में रहने आये मेरे भाई बहनों को मूलभूत सुविधायें नहीं मिल रही है की वजह से ही आज सालों से लंबित पड़ी अनधिकृत कालोनियों को केन्द्र सरकार द्वारा रेग्युलराइज किया गया है।

प्रवेश वाही ने कहा कि मैं आज उपस्थित कार्यकर्ताओं के माध्यम से दिल्ली के मुख्यमंत्री से पूछना चाहते हैं कि उन्होंने इतने सालों में इस काम को क्यों नहीं किया जो दिल्ली सरकार को करना था। केजरीवाल सरकार की इसी निकम्मेपन की वजह केन्द्र सरकार को यह सोचने पर मजबूर होना पड़ा कि यदि दिल्ली की अनधिकृत कालोनियों को पक्का करने का कार्य दिल्ली सरकार पर छोड़ा गया तो यह कालोनियां कभी पक्की नहीं हो पायेंगी। इसी सोच के साथ केन्द्र सरकार ने यह कार्य अपने हाथ में लेते हुये डीडीए अधिकारियों को बुलाकर उन्हें तीन महीने के अंदर दिल्ली की लगभग 1800 अनधिकृत कालोेनियों को नियमित करने के आदेश दिये। उन्होंने कहा कि इन कालोनियों में रहने वाले 40 लाख से अधिक लोगों को उनके मकान मालिकाना हक दिलाने का कार्य मोदी सरकार ने किया है।