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पहले लोगों का सरकारी सेवाओं पर इतना भरोसा नहीं था : अरविंद केजरीवाल
November 14, 2019 • Delhi Search • delhi

सीएम केजरीवाल ने किया ग्रेटर कैलाश में खुले नए मोहल्ला क्लीनिक का दौरा

नई दिल्ली,  दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को ग्रेटर कैलाश में दिल्ली सरकार द्वारा खोले गए पहले मोहल्ला क्लीनिक का निरीक्षण किया। उन्होंने अपने निरीक्षण के दौरान कई रोगियों और क्लिनिक के कर्मचारियों के साथ मुलाकात की और मोहल्ला क्लिनिक में दी जा रही सुविधाओं के बारे में लोगों से जानकारी ली। इस दौरान सीएम अरविंद केजरीवाल के साथ ग्रेटर कैलाश के विधायक सौरभ भारद्वाज भी मौजूद थे। मोहल्ला क्लीनिक में उच्च मध्य वर्ग के लोग बड़ी संख्या में इलाज कराते दिखें। 

निरीक्षण के दौरान सीएम केजरीवाल ने कई रोगियों से पूछा कि क्या वे क्लिनिक में सुविधाओं और सेवाओं की गुणवत्ता से संतुष्ट हैं। प्रतीक्षा लाईन के सभी रोगी पड़ोस के ही रहने वाले थे। सीएम अरविंद केजरीवाल के प्रति उनकी प्रतिक्रिया काफी सकारात्मक थी। सीएम ने कहा, "मुझे खुशी है कि आप सभी को सरकारी अस्पतालों पर भरोसा है। पहले लोग मानते थे कि सरकारी अस्पताल बहुत अच्छे नहीं होंगे। लेकिन अब सभी मोहल्ला क्लीनिक बहुत अच्छी स्थिति में हैं।" इसके बाद सीएम केजरीवाल ने डॉक्टर और फार्मासिस्ट से मुलाकात की और उनके अनुभवों के बारे में जानकारी ली। डॉ. रेजिना ने सीएम केजरीवाल के रक्तचाप को चेक किया और बताया कि वह पूरी तरह से सामान्य है। सीएम ने डाक्टर को धन्यवाद दिया और समाज के प्रति उनकी सेवा के लिए बधाई दी।

सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली के बड़े-बड़े अस्पताल में जाने वाले अब मोहल्ला क्लीनिक में आ रहे हैं। जब उच्च मध्य वर्ग मोहल्ला क्लीनिक में आकर इलाज करा रहे हैं तो इससे बड़ा लोगों का सरकारी स्वास्थ्य सिस्टम पर कभी भरोसा नहीं रहा है। यह मेरे लिए व अन्य लोगों के लिए खुशी की बात है। लोग डाक्टर की तारीफ कर रहे हैं। दवाईयां मुफ्त मिल रही है। डाक्टर बता रहे हैं कि लोग बड़े- बड़े अस्पताल के प्रिस्क्रिप्शन लेकर आ रहे हैं। पहले बड़े-बड़े अस्पताल में लोग इलाज कराते थें, अब मोहल्ला क्लीनिक में आ रहा है। अब पूरी दिल्ली का सरकारी स्वास्थ्य सिस्टम भी प्राइवेट की तरह हो गया है। जिस तरह लोग कहते हैं, हमने सरकारी स्कूलों का कायापलट कर दिए हैं। सरकारी स्कूल निजी स्कूल की तरह हो गए। इसी तरह हमने सरकारी स्वास्थ्य सिस्टम को भी निजी अस्पताल की तरह हो गया है।